संध्या न्यूज ब्यूरो / हजारीबाग: झामुमो बूथ सम्मेलन: क्या किसी भी राजनीतिक दल की भव्यता उसके बड़े मंचों से तय होती है, या फिर उस गुमनाम कार्यकर्ता से जो गांव की पगडंडियों पर पार्टी का झंडा थामे खड़ा रहता है? झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) ने सोमवार को हजारीबाग में इसी बुनियादी दर्शन को नए सिरे से परिभाषित किया। विनोबा भावे विश्वविद्यालय परिसर के विशाल प्रांगण में आयोजित झामुमो के जिला स्तरीय बूथ सम्मेलन में संगठन की जमीनी मजबूती और आगामी राजनीतिक समर की चुनौतियों को लेकर घंटों तक मंथन चला।
सम्मेलन में मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे झामुमो के केंद्रीय महासचिव विनोद पांडेय ने कार्यकर्ताओं में नया जोश फूंकते हुए साफ कहा कि बड़े नेता सिर्फ नीतियों का चेहरा होते हैं, लेकिन चुनावी जंग को फतह करने वाली असली ताकत और पार्टी की रीढ़ केवल बूथ स्तर का कार्यकर्ता ही होता है।
“सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को घर-घर पहुंचाएं” — विनोद पांडेय
झारखंडी ढोल-नगाड़ों और पारंपरिक स्वागत से गदगद केंद्रीय महासचिव विनोद पांडेय ने मंच से कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा कि संगठन की असली परीक्षा जनता के सुख-दुख में साथ खड़े होने से होती है। उन्होंने कहा कि हेमंत सरकार की जनकल्याणकारी योजनाएं समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे, यह सुनिश्चित करना हर बूथ कार्यकर्ता का पहला दायित्व है।
विशिष्ट अतिथि और पार्टी के वरिष्ठ महासचिव फागू बेसरा ने झामुमो के लंबे गौरवशाली संघर्ष का जिक्र करते हुए कहा कि हमारी जड़ें जनहित की राजनीति से जुड़ी हैं। उन्होंने युवाओं को पार्टी की मुख्यधारा से जोड़ने और हर बूथ पर एक सशक्त टीम खड़ी करने पर विशेष जोर दिया। सम्मेलन की अध्यक्षता कर रहे जिला अध्यक्ष संजीव बेदिया ने जिला संगठन की प्रगति रिपोर्ट पेश करते हुए कहा कि हजारीबाग का एक-एक कार्यकर्ता आने वाले दिनों में और मजबूती के साथ जनता के बीच अपनी उपस्थिति दर्ज कराएगा।
लोकतंत्र की शुद्धता के लिए B.L.A.-2 को मिला विशेष तकनीकी प्रशिक्षण
इस सम्मेलन का दूसरा और सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा संगठनात्मक के साथ-साथ तकनीकी रूप से मजबूत होना रहा। मंच से नेताओं ने स्पष्ट किया कि एक शुद्ध और अद्यतन मतदाता सूची ही मजबूत लोकतंत्र की पहली शर्त है। इसी के मद्देनजर, राज्य में चल रहे विशेष गहन पुनरीक्षण (S.I.R.) अभियान को लेकर विभिन्न बूथों से आए बी.एल.ए.-2 (Booth Level Agent) प्रतिनिधियों को गहन प्रशिक्षण दिया गया।
प्रशिक्षण के मुख्य बिंदु
नए योग्य मतदाताओं (विशेषकर युवाओं) का नाम मतदाता सूची में जोड़ने की सरल प्रक्रिया।
पुरानी सूची में मौजूद त्रुटियों, स्पेलिंग मिस्टेक्स और फोटो संबंधी गड़बड़ियों का सुधार।
मृत या अन्यत्र स्थानांतरित हो चुके मतदाताओं के नामों का नियमानुसार भौतिक सत्यापन।
निर्वाचन आयोग द्वारा जारी नवीनतम प्रपत्रों (Forms) और डिजिटल टूल्स की तकनीकी जानकारी।
प्रशिक्षण सत्र के दौरान मंच का कुशल संचालन कर रहे नीलकंठ महतो ने कहा कि इस सम्मेलन का मकसद केवल भाषण देना नहीं, बल्कि कार्यकर्ताओं को जमीनी स्तर पर चुनावी और प्रशासनिक प्रक्रियाओं के लिए पूरी तरह ‘सक्षम’ बनाना है।
आभार और विशाल जनसमर्थन: एकजुट दिखा झामुमो का कुनबा
कार्यक्रम के समापन सत्र में केंद्रीय सदस्य गौरव पटेल ने हजारीबाग के सुदूर प्रखंडों से आए सभी प्रबुद्ध कार्यकर्ताओं, बी.एल.ए.-2 प्रतिनिधियों और अतिथियों के प्रति धन्यवाद ज्ञापित किया। सम्मेलन की सफलता इस बात से साफ दिख रही थी कि कार्यक्रम के अंत तक परिसर में भारी भीड़ डटी रही।
इस ऐतिहासिक सम्मेलन में मुख्य रूप से पिछड़ा आयोग के अध्यक्ष जानकी यादव, केंद्रीय सदस्य राजा मोहम्मद, सुनील शर्मा, सोनामणि मांझी, यासीन खान, विकास राणा, रामकिशोर मुर्मू, जिला उपाध्यक्ष रंजीत मेहता, मोहन सोरेन, जिला प्रवक्ता कुणाल यादव, महिला मोर्चा अध्यक्ष सुनीता देवी, सचिव यशोदा देवी, संगठन सचिव अनन्या मुखर्जी, श्वेता दुबे और युवा मोर्चा के सत्येंद्र मेहता समेत सैकड़ों की संख्या में समर्पित पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित थे।


