बड़ी बाजार जाने वाली सड़क पर उतरे युवा नेता, बोले- “जनता त्रस्त है और जनप्रतिनिधि मस्त हैं, अब जनता को खुद अपने हक के लिए लड़ना होगा”
हजारीबाग। शहर की जर्जर सड़कों को लेकर हजारीबाग में एक बार फिर विरोध के स्वर तेज हो गए हैं। मंगलवार, 1 सितंबर को फ्रीडम फाइटर के वंशज और युवा नेता सच्चिदानंद पांडेय ने बड़ी बाजार जाने वाली खराब सड़क पर उतरकर थाली बजाते हुए विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान उन्होंने शहर की बदहाल सड़कों को लेकर सांसद, विधायक और नगर निगम प्रशासन पर जमकर निशाना साधा।
थाली बजाकर लोगों को जगाने की कोशिश
विरोध प्रदर्शन के दौरान सच्चिदानंद पांडेय ने कहा कि शहर की जर्जर सड़कों की समस्या अब केवल परेशानी का विषय नहीं रह गई है, बल्कि लोगों की सुरक्षा से जुड़ा सवाल बन चुकी है। उनके मुताबिक, सड़कों पर बने गड्ढों के कारण आए दिन लोग गिरकर चोटिल हो रहे हैं और आम नागरिकों को आवागमन में भारी परेशानी उठानी पड़ रही है।
उन्होंने कहा कि हजारीबाग की स्थिति ऐसी हो गई है कि शहर की पहचान अब “गड्ढों के शहर” के रूप में होने लगी है। पांडेय ने लोगों से अपील की कि वे अपनी समस्याओं के लिए खुद आवाज उठाएं और प्रशासन एवं जनप्रतिनिधियों से जवाब मांगें।
सांसद-विधायक पर लगाए गंभीर आरोप
प्रदर्शन के दौरान पांडेय ने स्थानीय सांसद और विधायक की कार्यशैली पर भी सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव से पहले जनप्रतिनिधि जनता के बीच रहकर सड़क बनवाने, ट्रांसफॉर्मर लगवाने, दवा बांटने और मरीजों के साथ खड़े होने जैसे काम करते थे, लेकिन पद पर आने के बाद समस्याओं के लिए एक-दूसरे की सरकारों को जिम्मेदार ठहराया जा रहा है।
उन्होंने सांसद की उस कथित टिप्पणी पर भी सवाल उठाया, जिसमें सड़क और नाली निर्माण को सांसद का काम नहीं बताया जा रहा है। पांडेय ने कहा कि यदि सांसद-विधायक जनता की समस्याओं से जुड़े कामों की जिम्मेदारी से पल्ला झाड़ेंगे, तो फिर जनता अपनी समस्याएं लेकर किसके पास जाएगी।
“विकास के दावे बहुत, जमीन पर व्यवस्था बदहाल”
सच्चिदानंद पांडेय ने कहा कि शहर में विकास के बड़े-बड़े दावे किए जा रहे हैं, लेकिन उन्हें जमीन पर अपेक्षित बदलाव नजर नहीं आ रहा है। उन्होंने लंबी दूरी की रेल सेवा, रिंग रोड, हवाई अड्डे और शहर की सड़क व्यवस्था जैसे मुद्दों का जिक्र करते हुए कहा कि इन विषयों पर जनता को ठोस काम दिखाई देना चाहिए।
उन्होंने जनप्रतिनिधियों से सवाल किया कि जब शहर की मूलभूत समस्याएं ही दूर नहीं हो पा रही हैं, तो विकास के बड़े दावों का आम जनता को कितना लाभ मिल रहा है।
नारे लगाकर जताया विरोध
प्रदर्शन के दौरान सच्चिदानंद पांडेय और समर्थकों ने विभिन्न नारों के जरिए भी सड़क की समस्या को लेकर लोगों का ध्यान आकर्षित किया। उन्होंने मतदाताओं से अपने जनप्रतिनिधियों से सवाल पूछने की अपील की और कहा कि जनता को अपने अधिकारों के प्रति जागरूक होना होगा।
राहगीर भी प्रदर्शन में हुए शामिल
प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, प्रदर्शन के दौरान किशुन पांडेय, शशि सिंह, प्रवेज आलम, नवीन प्रकाश, पप्पू खान, रामकुमार राम, दिलीप यादव, अरविंद कुमार, आनंद सिंह, अरविंद शर्मा और अरुण सिन्हा समेत अन्य लोग मौजूद रहे। बताया गया कि बड़ी बाजार की ओर आने-जाने वाले कई लोग भी रुककर प्रदर्शन में शामिल हुए।
प्रदर्शन के जरिए आयोजकों ने साफ संदेश देने की कोशिश की कि हजारीबाग की सड़कों की समस्या अब केवल शिकायतों तक सीमित नहीं रहेगी। हालांकि, सांसद, विधायक और नगर निगम प्रशासन की ओर से इस प्रदर्शन और लगाए गए आरोपों पर प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।


